सोमवार को कृषि कानूनों के खिलाफ संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले बार एसोसिएशन समेत कई संगठनों ने शहर में प्रदर्शन करते हुए सचिवालय तक पहुंचे और वहां पर राष्ट्रपति के नाम डीसी अमित खत्री को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से नए कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग की गई है। प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली-जयपुर हाईवे से लेकर रेलवे स्टेशनों पर ही नहीं बल्कि शहर के भीतर भी पुलिस हाई अलर्ट रही।
पिछले कई दिनों से कृषि कानूनों को लेकर किसानों का आंदोलन चल रहा है। जिले में आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए संयुक्त किसान मोर्चा का गठन किया गया है। मोर्चा की ओर से सोमवार को पहली बार प्रदर्शन किया गया। लघु सचिवालय के सामने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए संयुक्त किसान मोर्चा के अध्यक्ष व जिला बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष चौधरी संतोख सिंह ने कहा कि जब तक कानून वापस नहीं लिए जाते तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
यह कानून किसानों को बर्बाद कर देगा। आम आदमी पार्टी के नेता व नगर निगम पार्षद आरएस राठी ने कहा कि पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए कृषि कानून बनाए गए हैं। इसे काला कानून कहना गलत नहीं होगा। वरिष्ठ कांग्रेस नेता राव कमलबीर सिंह एवं सुधीर चौधरी ने कहा कि केंद्र सरकार किसानों के हित में कृषि कानूनों को वापस ले। कृषि कानूनों से देश का भला नहीं होने वाला।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/34dDdsv

0 टिप्पणियाँ